jara si galat gahmi me mat chhodo apne ka sath

जरा सी गलतफहमी में मत छोडो अपने का साथ,
क्योंकि जिंदगी बीत जाती है किसी को अपना बनाने में;

jra si galtfahmi me mat chhodo apne ka sath,
kyoki jindagi bit jati hai kisi ko apna banane me;

sad shayari
jra si galat fahmi

तुमने कहा था कि आँख भर कर भी देख लिया करो,
आजकल आँख भर जाती है लेकिन तुम नजर नहीं आते;

tumne kaha tha ki aankh bhar kr bhi dekh liya kro,
aajkal aankh bhar jati hai lekin tum najar nahi aate;

अजनबी बनकर ही रहना सही है इस दुनिया में,
क्योंकि लोग अपना बनाकर बहुत दुःख देते है;

aajnabi bankar hi rhna sahi hai is duniya me,
kyoki log apna banakar bahut dukh dete hai;

आदत बदल सी गई है बात करने की,
हिमत ही नहीं होती दर्द बाटने की;

aadat badal si gai hai bat karne ki,
himat hi nahi hoti dard batne ki;

जब धक्का देने वाले अपने ही हो तो हाथ नही देते,
कहने को तो बहुत कुछ है लेकिन लब्ज साथ नहीं देते;

jab dhakka dene wale apne hi ho to hath nhi dete,
kahne ko to bahut kuch hai lekin labj sath nahi dete;

Related post

Shayari in Hindi For Love | Latest Shayari in Hindi

धीरे धीरे बिखरने वाले हैं अब कहा ज़ख़्म भरने वाले हैं उसकी नज़रो में हम मर ही चुके अब तो सूली पे चढ़ने वाले है कितने मजबूर हुए हैं घर बहार निकले वाले हैं फिर वो सारी उम्र रुलाने लगे जिनके आसु बहुत संभाले हैं

Leave a Comment